Trending News

उत्तराखंड : बच्चों से भीख मंगवाने वाले गिरोह का खुलासा, दो बच्चियां छुड़ाई, 50 हजार इनाम की घोषणा

हरिद्वार: अजय सिंह के हरिद्वार पुलिस कप्तान की कमान संभालने के बाद से ही पुलिस लगातार ताबड़तोड़ एक्शन ले रही है। पुलिस ने कई अपराधियों को सलाखों के पीछे पहुंचाया। वहीं, बच्चे के अपहरण माममे में भी मासूम को सही सलामत बरामद किया। इसके अलावा कई दूसरे मामलों को भी निपटाया। अब पुलिस ने एक और बड़ा खुलासा किया है। पुलिस ने बच्चों से भीख मंगवाने वाले गैंग के सरगना को पकड़ा है। साथ ही उसकी चंगुल से दो नाबालिग बच्चियों को भी आजादा कराया है।

हरिद्वार में एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग सेल ने रोड़ीबेलवाला क्षेत्र से एक नशेखोर प्रिन्स को गिरफ्तार करते हुए उसके कब्जे से दो नाबालिग सगी बहनों को आजाद कराया। पूछताछ में दोनों बहनों ने बताया कि कुछ समय पहले उनकी मां की मौत हो गई थी। पिता दोनों बहनों को हरिद्वार छोड़कर चला गया था। उसी दौरान रोड़ीबेलवाला प्रिंस के संपर्क में आई।

आरोपी ने दोनों को डरा-धमकाकर पहले जबरन फ्लूड नशे का सेवन कराकर उनका शारीरिक शोषण किया फिर हरकी पैड़ी में भिक्षावृत्ति कराने लगा। अभियुक्त प्रिन्स के विरुद्ध पोक्सो एक्ट, व अन्य सुसंगत धाराओं में 6 अभियोग पंजीकृत कर न्यायिक अभिरक्षा में भेजा गया। दोनों नाबालिग बहनों को शिशु बालिका गृह केदारपुरम देहरादून में आश्रय दिलाया गया है।

UGC NET 2023 : JRF के लिए बढ़ी आयु सीमा, 1 दिसंबर से करें गणना, ये है लास्ट डेट

डीजीपी अशोक कुमार ने पुलिस टीम को 50 हजार का ईनाम देने की घोषणा की है। साथ ही इस प्रकरण में किसी संगठित अपराध की आशंका की गहन जांच करने हेतु वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक हरिद्वार को निर्देशित किया है।

ऑपरेशन मुक्ति का उद्देश्य भिक्षावृत्ति में लिप्त बच्चों को शिक्षा दिलाकर उनका पुनर्वास करना है। अभी तक इस अभियान में 5997 बाल भिखारियों की पहचान की गई है और एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग सेल ने पिछले पांच वर्षों में आधे से अधिक को भीख मांगने से बचाया है।

बड़ी खबर : इस दिन से होगी हाईस्कूल और इंटर की बोर्ड परीक्षा, डेट शीट जारी

इनमें से 2149 बच्चों का दाखिला कराया गया था, जिसमें से 1394 वर्तमान में भी स्कूल में हैं, जो पढ़ रहे हैं, सीख रहे हैं, खेल रहे हैं और बेहतर भविष्य की कल्पना कर रहे हैं। आप सभी से अनुरोध है कि इस अभियान में योगदान दें। ऐसे बच्चों को भीख न देकर उनकी शिक्षा में सहयोग करें। यदि आप आस-पास ऐसे बच्चे हैं, तो उनकी सूचना हम तक पहुंचाएं।

Share ThisFacebook, whatsapp, teligram
Skip to toolbar